एक थी श्रीदेवी…

0
201 views

मैं हूं ख्वाबों की शहजादी…मैं हर दिल पे हूं छाई….वाकई चार दशकों तक श्रीदेवी करोड़ों लोगों के दिलों पर छाई रहीं। 24 फरवरी की रात दुबई में उनकी मौत की खबर बॉलीवुड और उनके चाहनेवालों पर बिजली की तरह गिरी। उनके चाहनेवालों को श्रीदेवी पर फिल्माया गया ये गाना रह-रह कर जहन आ रहा है- ये लम्हे, ये पल हम बरसों याद करेंगे, ये मौसम चले गए तो हम फरियाद करेंगे।

54 साल की श्रीदेवी ने जिंदगी में हर रोल को बड़ी शिद्दत से निभाया । फिल्म हो या असल जिंदगी…श्रीदेवी ने कहीं समझौता नहीं किया। उनके संघर्ष से अंत तक की कहानी बिल्कुल बिजली और चांदनी जैसी रही। 2017 में आयी ‘मॉम’ श्रीदेवी की 300वीं फिल्म थी।

श्रीदेवी के 5 बड़े राज

  1. श्रीदेवी की पहली हिंदी फिल्म ‘रानी मेरा नाम’ थी। इसमें उन्होंने हीरोइन के बचपन का रोल किया था। बॉलीवुड में उन्हें पहचान फिल्म ‘जूली’ से मिली।
  2. श्रीदेवी ने 13 साल की उम्र में तमिल फिल्म ‘मूंडरू मुदिछु’ में रजनीकांत की सौतेली माँ का रोल किया था। ‘मूंडरू मुदिछु’ हीरोइन के तौर पर श्रीदेवी की पहली फिल्म थी।
  3. श्रीदेवी शुरु में ठीक से हिंदी नहीं बोल पाती थीं। जिससे उनकी आवाज़ को नाज डब करती थीं। अमिताभ के साथ फिल्म ‘आखिरी रास्ता’ में श्रीदेवी की आवाज़ को रेखा ने डब किया था।
  4. श्रीदेवी ने पहली बार फिल्म ‘चांदनी’ में अपने डॉयलॉग के लिए डब किए थे। उन्होंने ‘चांदनी’ का सुपरहिट टाइटल ट्रैक जॉली मुखर्जी के साथ गाया था। श्रीदेवी ने फिल्म ‘हीर-रांझा’ के लिए खुद की ड्रेसेस तैयार की थी।
  5. श्रीदेवी बिल्लियों से बहुत डरती थी, लेकिन सिने ब्लिट्ज के कवर के लिए एक फोटोशूट में उन्हें बिल्ली के साथ पोज देना पड़ा था।

 

 

 

The short URL of the present article is: http://sachjano.com/iYwAJ